सिर्फ कोरोना नहीं, बारिश के मौसम में इन बीमारियों से भी बचना जरूरी

Dengue Case In Delhi | Samachar In Hindi.
Share on facebook
Facebook
Share on twitter
Twitter
Share on whatsapp
WhatsApp

नई दिल्ली. देश के कई इलाकों में मॉनसून आ चुका है. दिल्ली एनसीआर में भी मौसम विभाग ने 25 जून तक मॉनसून आने की बात कही है. मॉनसून अपने साथ बारिश और बदलता मौसम लेकर आएगा, जो कुछ समय तक तो खुशनुमा लगता है. मगर असल में ये मौसम अपने साथ कई बीमारियों को साथ लेकर आता है. इस मौसम में कई तरह के संक्रमण बेहद तेजी से फैलते हैं. बारिश के मौसम में होने वाली बीमारियों में इजाफा हो जाता है. अस्पतालों में खांसी, जुकाम और बुखार के मरीजों की लंबी लाइन लगी होती है.

मॉनसून में कुछ खास बीमारियां फैलती हैं. इसमें डेंगू, मलेरिया और चिकुनगुनिया सबसे आम है. ये ऐसी बीमारियां हैं जिससे हर सालों सैंकड़ों लोगों की मौत दिल्ली में होती है. वहीं इस बार कोरोना संक्रमण के बीच डेंगू, मलेरिया जैसी  बीमारियों से लड़ना स्वास्थ्य विभाग और जनता के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है. आइए आपको बताते हैं बरसाती मौसम में फैलने वाली बीमारियों के बारे में

डेंगू बुखार

डेंगू बुखार एडिज नाम के मच्छर के कारण होता है. एडिज के काटने से डेंगू फैलता है. ये मच्छर साफ पानी में पनपते हैं. ऐसे में लोगों को  इस बात का खास ख्याल रखना होता है कि अफने आसपास साफ पानी जमा ही नहीं होने दे. इस बुखार में पूरे शरीर और जोड़ों में दर्द होने लगता है. इससे बचने के लिए जरूरी है कि आप घर से बाहर निकलें तो अपने हाथ पैर ढक कर रहें. घर पर भी मच्छरदानी का इस्तेमाल करें.

मलेरिया

डेंगू के अलावा इस दौरान मलेरिया भी तेजी से फैलता है. यह दुनिया भर में सबसे जानलेवा बीमरियों में से एक है. इसके लक्षण आम बुखार की तरह होते हैं. साथ में बदनदर्द की शिकायत होती है. इससे बचने का सबसे आसान उपाय है कि घर या ऑफिस के आसपास पानी इकट्ठा न होने दें.

चिकुनगुनिया

वायरल इंफेक्शन के कारण मॉनसून के मौसम में चिकुनगुनिया होता है. इसमें मच्छर के काटने से 4 से 6 दिनों तक अपने लक्षण दिखाना शुरू करती है. डॉक्टर्स का कहना है कि चिकुनगुनिया का मच्छर आमतौर पर दिन में और दोपहर के समय काटता है.

इस बीमारी में अचानक बुखार, हड्डियों में दर्द, मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द, थकान, शरीर पर रैशेज़ पड़ने लगते हैं. ऐसे लक्षण दिखने पर जल्द  से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें और इलाज शुरू करवाएं