संघ ने देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले को किया याद

Savitri Bai Phule | India News In Hindi
Share on facebook
Facebook
Share on twitter
Twitter
Share on whatsapp
WhatsApp
  • संघ ने ट्वीट संदेश में कहा, सावित्रीबाई फुले की जयंती पर उन्हें सादर नमन. उन्होंने शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक एकता के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया
  • उन्होंने 3 जनवरी 1848 में पुणे में अपने पति के साथ मिलकर विभिन्न जातियों की नौ छात्राओं के साथ महिलोओ के लिए एक विद्यालय की स्थापना की

नई दिल्ली, 03 जनवरी (हि.स.). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने शुक्रवार को शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक एकता के लिए अपने जीवन को समर्पित करने वाली देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई ज्योतिराव फुले को उनकी जयंती पर याद किया.

संघ ने ट्वीट संदेश में कहा, सावित्रीबाई फुले की जयंती पर उन्हें सादर नमन. उन्होंने शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक एकता के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया. उन्होंने महिला शिक्षा पर बल देते हुए पहला बालिका विद्यालय आरम्भ किया. सामाजिक चेतना जागृत करने के लिए उनका संघर्ष देशवासियों को हमेशा प्रेरित करता रहेगा.

उल्लेखनीय है कि सावित्रीबाई फुले का जन्म 3 जनवरी 1831 को महाराष्ट्र के एक दलित परिवार में हुआ था. उनका नौ साल की आयु में क्रांतिकारी ज्योतिबा फुले से विवाह हो गाया था. उस समय ज्योतिबा फुले भी मात्र 13 साल के ही थे.

उन्होंने पति ज्योतिबा के साथ मिलकर स्त्री अधिकारों एवं शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए. वे प्रथम महिला शिक्षिका थीं. उन्हें आधुनिक मराठी काव्य का अग्रदूत माना जाता है.

उन्होंने 3 जनवरी 1848 में पुणे में अपने पति के साथ मिलकर विभिन्न जातियों की नौ छात्राओं के साथ महिलोओ के लिए एक विद्यालय की स्थापना की. एक वर्ष में सावित्रीबाई और महात्मा फुले पांच नये विद्यालय खोलने में सफल हुए.

तत्कालीन सरकार ने उन्हे सम्मानित भी किया. प्लेग पीड़ित बच्चों की सेवा के दौरान वह स्वयं भी इसकी चपेट में आई गईं और 10 मार्च 1897 उनकी मृत्यु हो गई.

हिन्दुस्थान समाचार/सुशील

Trending News: Aaj Ki Taja Khabar | Savitribai Phule | Latest News in Hindi