जानिए कौन है तेज बहादुर, जो काशी में पीएम मोदी को देंगे टक्कर

नई दिल्ली. समाजवादी पार्टी ने एक नया दांव खेला है. सपा ने वाराणसी से शालिनी यादव का टिकट काट दिया है. वाराणसी से सपा ने बीएसएफ के बर्खास्त जवान तेज बहादुर यादव को पीएम मोदी के सामने चुनावी मैदान में उतारा है.

कौन है तेज बहादुर यादव
सेना में खाने की गुणवत्ता को लेकर शिकायत करने के बाद सुर्ख़ियों में आए बीएसएफ के बर्ख़ास्त जवान तेज बहादुर यादव ने बीते दिनों वाराणसी सीट से पीएम नरेंद्र मोदी के ख़िलाफ़ लोकसभा चुनाव लड़ने का ऐलान किया.

-सपा ने वाराणसी सीट पर अपने उम्मीदवार को बदल दिया है. सपा BSF के पूर्व जवान तेज बहादुर यादव को पीएम मोदी के खिलाफ उतार दिया है.

-दो साल पहले बीएसएफ़ जवान तेज बहादुर यादव का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था. इस फ़ौजी का नाम है तेज बहादुर यादव. शायद यह नाम आपको याद होगा.

-इस वीडियो में तेज बहादुर फ़ौजियों को मिलने वाले खाने की शिकायत कर रहे थे. वो बता रहे थे कि उन्हें कैसी गुणवत्ता का खाना दिया जाता है.

-तेज बहादुर ने बताया था कि अफसरों से शिकायत करने पर भी कोई सुनने वाला नहीं है यहां तक कि गृहमंत्रालय को भी चिट्ठी लिखी लेकिन कुछ नहीं हुआ.

-तेज बहादुर के उस वीडियो के बाद सेना सहित राजनीतिक गलियारों में कुछ दिन तक हलचल मच गई थी.

-खराब खाने की सोशल मीडिया पर शिकायत को लेकर तेज बहादुर यादव को बीएसएफ से सस्पेंड कर दिया गया था. वाराणसी से पीएम मोदी के खिलाफ लड़ रहे तेजबहादुर को कई पार्टियों का समर्थन मिल रहा थआ.

-तेज बहादुर यादव पिछले कई दिनों से पीएम मोदी के खिलाफ जोरदार प्रचार कर रहे हैं. चुनाव लड़ने के लिए जाते वक्त उन्होंने पीएम मोदी पर हमला बोलते हुए कहा था कि ये लड़ाई असली चौकीदार और नकली चौकीदार के बीच है.

-हरियाणा के निवासी और बीएसएफ से बर्खास्त होने के बाद तेज बहादुर यादव ने पीएम नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र से चुनावी ताल ठोक रहे है.

-तेज बहादुर यादव ने कहा कि वो सेना और पैरामिलिट्री में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ रहे है और पीएम मोदी के खिलाफ नहीं बल्कि उन्होंने जो अधूरे वायदे किए उनके खिलाफ वाराणसी आए है.