कल्कि आश्रम: IT छापे के बाद स्वयंभू कल्की भागवान की जब्त हुई 500 करोड़ की संपत्ति, जारी किया वीडियो

खुद को कल्कि भगवान घोषित करने वाले शख्स विजय कुमार ने अपनी चुप्पी तोड़ी है. कल्कि महाराज उर्फ विजय कुमार ने पहली बार वीडियो जारी कर अंग्रेजी में बयान दिया है कि मैं देश छोड़कर कहीं नहीं भाग रहा हूं. बल्कि अपने आश्रम में ही हैं. वो पहले की तरह ही अपने दैनिक क्रियाकलाप में व्यस्त हैं.

उन्होंने भारत में अपनी मौजूदगी साबित करने के लिए वीडियो जारी किया है. विजय कुमार यानि स्वघोषित कल्कि भगवान तब चर्चा में आया था जब उसके ठिकाने जीवाश्रम पर आयकर विभाग ने छापा मारा था। आयकर विभाग की कार्रवाई में तब सबकी आंखें खुली रह गईं जब उसके ठिकाने से बड़ी मात्रा में धन संपदा बरामद की गई थी. कल्कि महाराज के ठिकानों पर 300 आयकर विभाग के 300 अधिकारी छापेमारी कर रहे हैं.

हालांकि खास बात यह है कि विडियो में स्वयंभू भगवान नायडू ने आपने आश्रमों पर मारे गए आयकर छापों का जिक्र नहीं किया है. सूत्रों के मुताबिक छापेमारी के बाद स्वयंभू भगवान पर दबाव बढ़ता जा रहा है. उधर आयकर विभाग के सूत्रों ने हमारे सहयोगी टाइम्स नाउ को बताया कि कल्कि के पुत्र और उनकी बहू जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं. दोनों चेन्नै के एक अस्पताल में भर्ती हैं और उन्होंने नियमित मे़डिकल जांच का हवाला दिया है.

500 करोड़ रुपए का मालिक कल्कि महाराज उर्फ विजय कुमार के 40 ठिकानों और आश्रम के ऊपर छापेमारी में 44 करोड़ों रुपए स् ज्यादा बरामद हुए हैं. आश्रम से 18 करोड़ रुपये के बराबर 25 लाख अमेरिकी डॉलर, 90 किलो सोना और विदेश में निवेश का भी पता चला है.

कल्कि भगवान’ उर्फ विजय कुमार 70 साल का है और ये खुद को भगवान विष्णु का 10वां अवतार बताता है. इसके आश्रम को खुद कल्कि महाराज, उसकी पत्नी और उसका बेटा एनकेवी कृष्णा चलाता है.

साल 1980 में लोगों को वैकल्पिक शिक्षा मुहैया कराने के लिए कल्कि महाराज ने जीवाश्रम नाम की संस्था बनाई. इसने देश-विदेश में रियल एस्टेट, निर्माण, खेल जैसे क्षेत्रों में भी अपनी किस्मत आजमाई. इतना ही नहीं इसके आश्रमों में ट्रस्ट और कंपनियों की तरफ से वेलनेस भी कोर्स चलाए जाते हैं. वेलनेस कोर्स विदेशियों को आकर्षित करते हैं. जिससे बड़ी मात्रा में विदेशी मुद्रा हासिल की गई. विजय कुमार उर्फ कल्कि महाराज अध्यात्म से पहले एलआईसी में क्लर्क था.

Leave a Comment

%d bloggers like this: