ई-कॉमर्स कंपनियों ने नहीं बताया किस देश में बना है प्रोडक्ट तो चुकाना होगा लाख का जुर्माना

amazon flipkart see record growth in festive sales
Share on facebook
Facebook
Share on twitter
Twitter
Share on whatsapp
WhatsApp

नई दिल्ली. मेड इन इंडिया के प्रोडक्ट के सामानों की ब्रिक्री बढ़ाने के लिए सरकार ने एक अहम नियम बनाया है. दरअसल कोर्ट के मुताबिक ई-कॉमर्स कंपनियों को अपनी वेबसाइट पर सामन की पूरी जानकारी देनी होगी. ई-कॉंमर्स कंपनियों को बताना होगी की प्रोडक्ट किस देश में बना है.

ई-कॉमर्स कंपनियां इस नियम को नहीं मानती है, तो उन्हें 1 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है और इसके लिए जिम्मेदार व्यक्ति को जेल की सजा भी हो सकती है. यही नहीं, सामान के निर्माता, मार्केटिंग कंपनी से जुड़े लोग भी इसी तरह के सजा के भागीदार होंगे.

सरकार पहली बार गलती करने वाले से 25 हजार रुपये का जुर्माना, दूसरी बार 50 हजार रुपये का जुर्माना और उससे ज्यादा बार गलती करने पर 1 लाख रुपये जुर्माना लगायेगी. इतना ही नहीं जिम्मेदार व्यक्ति को एक साल की जेल या दोनों सजाएं दी जा सकती हैं.

चीनी सीमा पर हिंसक झड़प के बाद देश में चीनी सामान के बायकॉट का अभियान चल पड़ा है. ऐसे में तमाम लोग यह जानना चाहते हैं कि जो सामान वो ई-कॉमर्स  कंपनियों से खरीद रहे हैं. वो वह किस देश में बना है. क्योंकि ई-कॉमर्स कंपनियों ऐसे बहुत से सामान बेचती हैं जिन पर इस बात की जानकारी नहीं दी जाती है.