कब- कब बिगड़े थरुर के बोल

प्रीति राजपूत
कांग्रेस के सबसे विवादित नेता शशि थरुर का विवादों से घिरे रहना अब एक आम बात हो गई है. चुनावों का मौसम आते ही थरुर के बोल वैसे ही बिगड़ने लग जाते है. जो कांग्रेस के गले की फांस बन जाता है.हाल ही में बेगंलुरु में आयोजित लिट लिस्ट समारोह में शशि थरुर पहुंचे और यहां पर प्रधानमंत्री मोदी पर लिखी अपनी किताब ‘द पैराडॉक्सिकल प्राइम मिनिस्टर’ के कुछ पन्ने पढ़ते हुए थरुर ने कहा – “एक असाधारण रूपक है जिसका जिक्र आरएसएस के अनाम सूत्र ने एक जर्नलिस्ट से किया था मैंने उसका संदर्भ अपनी किताब में दिया है.” थरूर ने कहा “उसने कहा था कि मोदी शिवलिंग पर बैठे उस बिच्छू की तरह हैं, जिसे आप हाथ से हटा नहीं सकते और चप्पल से मार भी नहीं सकते.” शशि थरुर के लिए यह कोई नई बात नहीं है. थरुर अक्सर इस तरह के बयान देकर विवादों में बने रहते हैं
हाल के कुछ बयानों से देखिए थरुर ने कब-कब दिया विवादित बयान-
1. तिरुवंनतपुरम में आयोजित एक कार्यक्रम में थरुर ने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा था कि “अगर भाजपा पार्टी 2019 के लोकसभा चुनाव जीतती है तो देश हिंदू पाकिस्तान बन जाएगा.बीजेपी देश का नया संविधान लिखेगी.”
2. यही नहीं कांग्रेसी नेता शशि थरुर ने कुछ समय पहले विवादित ट्वीट करते हुए कहा था कि ‘‘ भाजपा के मंत्रियों का सांप्रदायिक हिंसा में कमी के बारे में दावा तथ्यों पर खरा क्यों नहीं उतरता. ऐसा प्रतीत होता है कि कई जगहों पर मुस्लिम की तुलना में गाय सुरक्षित है.”
3. थरुर ने कुछ समय पहले राम मंदिर पर विवादित बयान देते हुए कहा था कि “कोई अच्छा हिंदू विवादित जगह पर राम मंदिर नहीं बनाना चाहता.” जिसके बाद कांग्रेस ने खुद थरुर के बयान से दूरी बनाई थी. और इस पर मीडिया में कुछ कहने से इंकार कर दिया था.
4. थरुर ने प्रधानमंत्री के पहनावे को नहीं छोड़ा. उन्होंने तंज कसा था कि “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश और दुनिया में जहां कहीं भी जाते हैं, वे वहां के पारंपरिक पहनावे और टोपियों को पहनने में परहेज नहीं करते लेकिन वह मुस्लिम टोपी पहनने से इंकार कर देते हैं.”