बर्थडे स्पेशल : मधुर भंडारकर ने बतौर असिस्टेंट डायरेक्टर की थी करियर की शुरुआत

HS - 2020-08-25T161423.784
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मधुर भंडारकर आज निर्देशन के क्षेत्र में एक जाना माना नाम है. निर्देशक मधुर भंडारकर का जन्म 26 अगस्त, 1968 को मुंबई में हुआ था. मधुर के पिता बिजली कांट्रेक्टर और मां गृहणी थी.  घर की आर्थिक स्थिति बहुत खराब थी जिसके कारण मधुर को अपनी पढ़ाई भी बीच में ही छोड़नी पड़ी. मधुर को बचपन से ही फिल्में देखने का शौक था जिसके कारण उन्हें कई बार डांट भी पड़ी.
मधुर ने बहुत संघर्षों के बाद अपने करियर की शुरुआत 90 के दशक में की. उन्होंने राम गोपाल वर्मा के साथ बतौर असिस्टेंट काम करना शुरू किया. उस समय राम गोपाल वर्मा फिल्म ‘रात’ बना रहे थे. इसके बाद मधुर ने उन्हें रंगीला और शिवा में असिस्ट किया. फिल्म रंगीला में मधुर ने एक छोटी सी भूमिका भी निभाई थी. यह फिल्म हिट रही। इसके बाद मधुर को लगा की वह अब फिल्म बना सकते हैं. वह अपने फिल्म की कहानी लेकर एक प्रोड्यसूर के पास गए, लेकिन फिल्म की कहानी सुनने के बाद प्रोड्यूसर ने उनके साथ काम करने से मना कर दिया.
मधुर ने हिम्मत नहीं हारी और साल 1999 में एक फिल्म बनाई जिसका नाम त्रिशक्ति था. यह फिल्म कुछ कमाल नहीं दिखा पाई. मधुर के एक दोस्त स्टॉक मार्केट में काम करते थे। एक रोज वो मधुर को लेकर डांस बार गए. मधुर उस वक्त बहुत शर्मिंदा महसूस कर रहे थे. मधुर को इस बात का डर था कि कहीं किसी ने उन्हें पहचान लिया तो कहेगा कि फिल्म की नाकामी भुलाने के लिए वो वहां आए हैं. इसके बाद मधुर वहां से निकल गए. लेकिन रात भर उनकी आंखों में बार के दृश्य छाये रहे और अगले दिन वह स्वयं अपने दोस्त को बार लेकर गए.
इसके बाद मधुर ने उस बार में काम करने वाली लड़कियों की कहानी सुनी और उसका संग्रह तैयार किया. इसके बाद मधुर भंडारकर ने फिल्म ‘चांदनी बार’ बनाई. इस फिल्म में अभिनेत्री तब्बू मुख्य भूमिका में नजर आई. यह फिल्म मधुर की जिंदगी का टर्निंग प्वाइंट साबित हुई. इस फिल्म की सफलता ने उन्हें हिंदी फिल्म के प्रसिद्ध निर्देशकों में शुमार कर दिया। इस फिल्म के लिए उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया. इसके बाद मधुर ने पीछे मुड़कर नहीं देखा.
मधुर भंडारकर की प्रमुख फिल्मों में त्रिशक्ति, सत्ता, पेज 3, कॉर्पोरेट, ट्रैफिक सिग्नल, फैशन, जेल, दिल तो बच्चा है जी, हीरोइन, इंदु सरकार आदि शामिल हैं। मधुर भंडारकर को फिल्म इंडस्ट्री उनके सराहनीय योगदानों के लिए भारत सरकार की तरफ से साल 2016 में पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया.
हिन्दुस्थान समाचार/सुरभि/मोनिका